spot_img
30.1 C
New Delhi
Saturday, July 31, 2021
spot_img

UP के IT सेक्टर में मिलेंगी नौंकरियां…जाने कैसे

सॉफ्टवेयर विकास के क्षेत्र में प्रवेश कर रहा है उत्तर प्रदेश
–6 बड़ी कंपनियां 54,000 करोड़ से अधिक कर रही हैं निवेश
–लखनऊ में आईटी सिटी स्थापित करने की योजना
–दुनिया में सॉफ्टवेयर टेक्नोलॉजी का आपूर्तिकर्ता बन जाएगा यूपी

(खुशबू पाण्डेय )

नई दिल्ली, 20 जुलाई : बहुराष्ट्रीय सॉफ्टवेयर विकास और मोबाइल दूरसंचार कंपनियों के साथ उत्तर प्रदेश में सैमसंग, विवो, हायर, इन्फोसिस, टीसीएस और अन्य ब्लूचिप कंपनियों ने उत्तर प्रदेश में 54,000 करोड़ रुपये से अधिक का निवेश कर रहीं हैं। यही कारण है कि उत्तर प्रदेश जल्द ही दुनिया में एक महत्वपूर्ण सॉफ्टवेयर टेक्नोलॉजी का आपूर्तिकर्ता बन जाएगा।
28 जुलाई को लखनऊ में होने जा रही ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी -2 के दौरान उत्तर प्रदेश को सैमसंग, विवो और हायर जैसी कंपनियां 12,597 करोड़ रुपये के निवेश की घोषणा करने जा रहीं हैं। गौरतलब है कि, उत्तर प्रदेश में वादा किए गए 1,22,232 करोड़ रुपये के निवेश में से, आईटी और मोबाइल दूरसंचार 54,000 करोड़ रुपये से अधिक का योगदान दे रहा है, जो पिछले एक साल में राज्य में कुल निवेश का 44 प्रतिशत से अधिक है।


वहीं अवसंरचना और औद्योगिक विकास उत्तर प्रदेश के एक वरिष्ठ अधिकारी का कहना है कि जैसे ही सरकार द्वारा 27 एकड़ की जमीन पर इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार हो जाएगा तो इन निवेशों हजारों नौकरियों का सृजन होगा। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि केवल इन्फोसिस 5000 से अधिक सॉफ्टवेयर डेवलेपमेंट प्रोफेशनल्स को नियुक्त करने का दावा करता है।
प्रमुख सचिव औद्योगिक विकास राजेश कुमार सिंह की माने तो ग्राउंड ब्रेकिंग समारोह-2 में 60,385 करोड़ रुपये के निवेश होने उम्मीद है। जिसमे मोबाइल संचार, ऊर्जा, स्वच्छ ईंधन, खाद्य प्रसंस्करण आदि क्षेत्र शामिल हैं। यह निवेश 60,000 से अधिक युवाओं के लिए प्रत्यक्ष रोजगार बनाने में मदद करेगा।


यही नहीं चीन और ताइवान की कंपनियां ग्रेटर नोएडा में इकोटेक्स -6, इलेक्ट्रॉनिक्स के विनिर्माण क्लस्टर की स्थापना करने की योजना बना रही हैं। उम्मीद है कि इस परियोजना के लिए लगभग 5000 करोड़ रुपये का निवेश ग्राउंड ब्रेकिंग सेरेमनी- 2 में होगा।
इसी तरह लखनऊ में लगभग 1,500 करोड़ रुपये के निवेश के साथ आईटी सिटी स्थापित करने की योजना है। महत्वाकांक्षी परियोजना पीपीपी मॉडल पर आधारित होगी। परियोजना के दौरान 25000 से अधिक के लिए रोजगार उत्पन्न होने की उम्मीद है। आईटी सिटी 100 एकड़ भूमि पर फैलेगी जिसमें 61 एकड़ विशेष आर्थिक क्षेत्र होगा, जबकि 39 एकड़ गैर-क्षेत्रीय आर्थिक क्षेत्र के लिए होगा।

आईआईटी में लगभग 17 इन्क्यूबेटरों की स्थापना


प्रमुख सचिव राजेश कुमार सिंह की माने तो स्टार्ट-अप को बढ़ावा देने के लिए राज्य सरकार ने विभिन्न आईआईटी में लगभग 17 इन्क्यूबेटरों की स्थापना की है। स्पष्ट रूप से यूपी में व्यापार करने की प्रक्रिया को आसान बनाने और व्यवसायों को फलने-फूलने के लिए अनुकूल वातावरण बनाने के लिए और निवेशकों के विश्वास को सफलतापूर्वक बनाने में एक लंबा सफर तय किया गया है।

Related Articles

1 COMMENT

Comments are closed.

epaper

Latest Articles