HomeNationalपीएम मोदी 13 अप्रैल को नारी शक्ति वंदन सम्मेलन में होंगे शामिल,...

पीएम मोदी 13 अप्रैल को नारी शक्ति वंदन सम्मेलन में होंगे शामिल, महिलाओं की भूमिका पर मंथन

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 13 अप्रैल 2026 को सुबह 11 बजे नई दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित नारी शक्ति वंदन सम्मेलन में शामिल होंगे और उसे संबोधित करेंगे। सम्मेलन का मुख्य फोकस भारत के विकास में महिलाओं की भूमिका पर चर्चा करना है

Join whatsapp channel Join Now
Join Telegram Group Join Now

नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 13 अप्रैल 2026 को सुबह 11 बजे नई दिल्ली के विज्ञान भवन में आयोजित नारी शक्ति वंदन सम्मेलन में शामिल होंगे और उसे संबोधित करेंगे। इस राष्ट्रीय स्तर के कार्यक्रम में सरकार, शिक्षा, विज्ञान, खेल, उद्यमिता, मीडिया, समाज सेवा और संस्कृति क्षेत्र की जानी-मानी महिलाएं और हस्तियां भाग लेंगी।

सम्मेलन का मुख्य फोकस भारत के विकास में महिलाओं की भूमिका पर चर्चा करना है, साथ ही फैसले लेने की प्रक्रियाओं में उनकी ज्यादा भागीदारी को बढ़ावा देना है। यह कार्यक्रम महिलाओं के नेतृत्व में विकास की दिशा में केंद्र सरकार की प्रतिबद्धता को मजबूत करेगा, खासकर नारी शक्ति वंदन अधिनियम के बाद।

- Advertisement -

पीएम मोदी का नारी शक्ति वंदन सम्मेलन में शामिल होना

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी सोमवार सुबह 11 बजे विज्ञान भवन पहुंचेंगे। आधिकारिक बयान के अनुसार, वे सम्मेलन को संबोधित करेंगे। इस आयोजन में विभिन्न क्षेत्रों की सफल महिलाएं शामिल होंगी, जो देश के विकास यात्रा में अपनी भूमिका निभा रही हैं। कार्यक्रम का उद्देश्य सभी क्षेत्रों के लोगों को एक मंच पर लाकर महिलाओं की बढ़ती भागीदारी पर मंथन करना है।

नारी शक्ति वंदन सम्मेलन का उद्देश्य और महत्व

यह सम्मेलन केंद्र सरकार की महिलाओं के नेतृत्व में विकास वाली बड़ी पहल का हिस्सा है। इसमें महिलाओं की नेतृत्व क्षमता को बढ़ावा देने और शासन-प्रशासन में समावेशिता सुनिश्चित करने पर जोर दिया जाएगा। विभिन्न क्षेत्रों में महिलाओं की सफल कहानियां सामने आएंगी, जो युवा पीढ़ी को प्रेरित करेंगी। सरकार का मानना है कि महिलाओं की ज्यादा भागीदारी से विकसित भारत का सपना तेजी से पूरा होगा।

नारी शक्ति वंदन अधिनियम की पृष्ठभूमि

सितंबर 2023 में संसद में नारी शक्ति वंदन अधिनियम पास हुआ था, जो लोकसभा और राज्य विधानसभाओं में महिलाओं को एक-तिहाई आरक्षण देता है। यह अधिनियम राजनीतिक क्षेत्र में महिलाओं के प्रतिनिधित्व को बढ़ाने का बड़ा कदम माना जा रहा है। अब इस आरक्षण को लागू करने की दिशा में चर्चा तेज हो गई है।

संसद सत्र और आगे की योजना

16 से 18 अप्रैल तक संसद का विशेष सत्र बुलाया गया है, जिसमें महिलाओं के आरक्षण से जुड़े मुद्दों पर विस्तार से चर्चा होगी। इस सम्मेलन से सरकार की प्रतिबद्धता और मजबूत होने की उम्मीद है। केंद्र सरकार लगातार कह रही है कि महिलाओं का नेतृत्व विकसित भारत 2047 के विजन का मुख्य आधार है।

इस कार्यक्रम से महिलाओं की भूमिका पर राष्ट्रीय स्तर पर सकारात्मक चर्चा बढ़ेगी और समावेशी विकास के प्रयासों को नई दिशा मिलेगी।

Breaking News in Hindi और Latest News in Hindi सबसे पहले मिलेगी आपको सिर्फ Women Express पर. Hindi News और India News in Hindi  से जुड़े अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें Facebook पर ज्वॉइन करें, Twitter पर फॉलो करें और Youtube Channel सब्सक्राइब करे।

- Advertisement -

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Related News

Delhi epaper

Prayagraj epaper

Kurukshetra epaper

-Advertisement-

Latest News