spot_img
8.1 C
New Delhi
Tuesday, January 25, 2022
spot_img

सुखबीर बादल के करीबी मनजिंदर सिरसा ने छोड़ी पार्टी, BJP में हुए शामिल

spot_imgspot_img

-अमित शाह, जेपी नड्डा से आर्शीवाद लेने के बाद हुए भाजपाई
–केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान, गजेंद्र शेखावत एवं दुष्यंत गौतम ने कराई ज्वाइनिंग
–भाजपा ने कहा पार्टी के लिए शुभ दिन, भाजपा मजबूत होगी
–सिरसा ने दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी से भी दिया इस्तीफा

Indradev shukla

नई दिल्ली/ अदिति सिंह : शिरोमणि अकाली दल (बादल) के राष्ट्रीय महासचिव एवं राष्ट्रीय प्रवक्ता मनजिंदर सिंह सिरसा बुधवार को भाजपाई हो गए। गृहमंत्री अमित शाह एवं भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष जगत प्रकाश नड्डा से आर्शीवाद लेकर केंद्रीय मंत्रियों धर्मेंद्र प्रधान और गजेंद्र ङ्क्षसह शेखावत की मौजूदगी में सिरसा ने भारतीय जनता पार्टी में विधिवत रूप से शामिल होने का ऐलान किया। भाजपा में शामिल होने से ठीक एक घंटे पहले सिरसा ने दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी (डीएसजीएमसी) के कार्यवाहक अध्यक्ष पद से इस्तीफा दिया। इस्तीफे का पत्र एवं वीडियो जारी होने के बाद उनके भाजपा में शामिल होने की खबर सामने आई। मनजिंदर सिंह सिरसा राजौरी गार्डन सीट से विधायक भी रह चुके हैं। सिरसा के साथ पंजाब के पूर्व उपमुख्यमंत्री के ओएसडी रहे परमिंदर सिंह बराड़ ने भी भाजपा का दामन थामा।
3 महीने बाद पंजाब में होने जा रहे विधानसभा चुनावों के लिए इस नियुक्ति को जोड़ा जा रहा है। भाजपा के पंजाब चुनाव प्रभारी गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि सिरसा को पार्टी में शामिल करने से निश्चित रूप से राज्य में अगले साल की शुरुआत में होने वाले चुनाव में मदद मिलेगी। गजेंद्र सिंह शेखावत ने कहा कि उत्तर भारत की राजनीति में सिख चेहरों में जो चेहरा दिमाग में आएगा, वो सिरसा का ही आएगा। इनको मैं बीजेपी परिवार में शामिल कराता हूं। पंजाब चुनाव में इसका लाभ होगा। केंद्रीय मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि सिरसा के शामिल होने से भाजपा मजबूत होगी। बीजेपी के लिए शुभ दिन है। मनजिंदर सिंह सिरसा के शामिल होने से पार्टी को मजबूती मिलेगी। सिरसा ने भाजपा में शामिल होने से पहले डीएसजीएमसी में अपना पद छोड़ दिया था। साथ ही डीएसजीएमसी का आतंरिक चुनाव नहीं लडऩे का फैसला लिया। गुरुद्वारा कमेटी के अगले चुनाव से भी खुद को दूर रखूंगा।
बता दें कि मनजिंदर सिंह सिरसा राष्ट्रीय राजधानी में शिरोमणि अकाली दल का एक प्रमुख चेहरा रहे हैं और तीनों विवादास्पद कृषि कानूनों के खिलाफ किसानों के विरोध प्रदर्शन का मजबूती से समर्थन कर रहे थे। संसद ने हाल ही में तीन कानूनों को रद्द करने के लिए एक विधेयक पारित किया जिसे प्रदर्शनकारी किसानों को शांत करने के भाजपा के प्रयास के रूप में देखा गया है। प्रदर्शनकारियों में से बड़ी संख्या में पंजाब के सिख हैं।
इस मौके पर पंजाब के प्रभारी एवं पार्टी के राष्ट्रीय महासचिव दुष्यंत गौतम, राष्ट्रीय मीडिया प्रभारी अनिल बलूनी, राष्ट्रीय प्रवक्ता सरदार आरपी सिंह, दिल्ली विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष रामवीर सिंह बिधुड़ी भी मौजूद रहे।

निजी कारणों से दिल्ली सिख गुरुद्वारा मैनेजमेंट कमेटी से इस्तीफा दे दिया

भाजपा का दामन थामने के बाद मनजिंदर सिंह सिरसा ने कहा, निजी कारणों से दिल्ली सिख गुरुद्वारा मैनेजमेंट कमेटी के अध्यक्ष पद से इस्तीफा दे दिया है। उन्होंने कहा कि पंथ, सिक्खी के लिए उन्होंने लंबी लड़ाई लड़ी है। इसके लिए देश और दुनिया के सिखों ने काफी मान बक्शा है। अपने सदस्य, शुभचिंतकों का धन्यवाद देता हूं, जिन्होंने अब तक साथ दिया। शिरोमणि अकाली दल के राष्ट्रीय अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल के सबसे करीबी माने जाते मनजिंदर सिंह सिरसा भाजपा में शामिल होने से कुछ देर पहले दिल्ली गुरुद्वारा कमेटी के सभी सदस्यों के साथ उच्चस्तरीय बैठक की और अपने सभी पदों से इस्तीफा देने का ऐलान किया। बैठक का एक वीडियो भी सोशल मीडिया पर डालकर जानकारी दी। साथ ही इस्तीफे का पत्र भी सार्वजनिक किया। उनके अचानक अकाली दल छोडऩे से सुखबीर बादल को बड़ा झटका माना जा रहा है।

Indradev shukla
Indradev shukla
spot_imgspot_imgspot_img

Related Articles

epaper

spot_img

Latest Articles

spot_img