26.8 C
New Delhi
Monday, February 23, 2026

अमित शाह ने भारत टैक्सी ड्राइवरों को सुनाई सोने का अंडा देने वाली मुर्गी की कहानी, कहा- आप ही हैं असली मालिक

Join whatsapp channel Join Now
Join Telegram Group Join Now

नई दिल्ली। केंद्रीय गृह और सहकारिता मंत्री अमित शाह ने भारत टैक्सी के ड्राइवरों को सोने का अंडा देने वाली मुर्गी की कहानी सुनाकर समझाया कि लालच में कंपनी का शोषण न करें, बल्कि सहयोग से चलाएं। यह देश का पहला सहकारी राइड-हेलिंग प्लेटफॉर्म है, जिसे 5 फरवरी 2026 को दिल्ली में लॉन्च किया गया था। इसका मकसद बिचौलियों को हटाकर ड्राइवरों को मालिक बनाना और उनकी कमाई का पूरा फायदा उन्हें पहुंचाना है।

सोमवार को ड्राइवरों से बातचीत में शाह ने कहा कि सिर्फ 500 रुपये निवेश से ड्राइवर कंपनी के सह-मालिक बनेंगे, पहले निश्चित किराया मिलेगा और तीन साल बाद मुनाफे में 80% हिस्सा किलोमीटर के आधार पर बांटा जाएगा।

अमित शाह ने सुनाई सोने का अंडा देने वाली मुर्गी की कहानी

अमित शाह ने ड्राइवरों को पुरानी कहानी सुनाई। एक व्यक्ति की मुर्गी रोज सोने का अंडा देती थी। लालच में उसने सोचा कि अंदर ढेर सारे अंडे होंगे, इसलिए मुर्गी की गर्दन काट दी। लेकिन अंदर कुछ नहीं मिला और वह सब कुछ खो बैठा। शाह ने कहा, “भारत टैक्सी को अपनी मुर्गी समझो। जैसे गाय से दूध निकालते हैं, शोषण नहीं करते, वैसे ही कंपनी का दोहन करो, शोषण मत करो। सहयोग और साझेदारी से चलाओ तो सबका फायदा होगा।”

ड्राइवर अब मालिक बनेंगे

शाह ने निजी कैब कंपनियों पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि ओला-उबर जैसी कंपनियां सिर्फ अपने मालिकों को अमीर बनाती हैं। ड्राइवरों की कमाई का 30% तक कमीशन कट जाता है और कोई गारंटी नहीं होती। लेकिन भारत टैक्सी में मालिक ड्राइवर खुद हैं। मेहनत करने वाले को फायदा मिलेगा, किसी बड़े अमीर को नहीं। प्लेटफॉर्म बिचौलियों को हटाकर ड्राइवरों को सीधा लाभ देगा।

कितना निवेश और कैसे जुड़ें

ड्राइवरों को प्लेटफॉर्म से जुड़ने के लिए सिर्फ 500 रुपये का निवेश करना होगा। शुरू में उन्हें हर राइड का निश्चित और पारदर्शी किराया तुरंत मिलेगा। कंपनी ने न्यूनतम बेस रेट की गारंटी दी है ताकि कमाई नीचे न जाए। यह अमूल मॉडल की तरह है, जहां छोटे निवेश से बड़ा फायदा मिलता है।

तीन साल बाद मुनाफे का बंटवारा

शाह ने भविष्य का रोडमैप बताया। पहले तीन साल धैर्य रखना होगा। उसके बाद अगर कंपनी मुनाफा कमाएगी, तो उदाहरण के तौर पर 25 करोड़ कमाई में से 20% (5 करोड़) कंपनी के कैपिटल में जाएगा। बाकी 80% ड्राइवरों के खाते में किलोमीटर चलाने के आधार पर बांटा जाएगा। इससे ड्राइवर न सिर्फ कमाई करेंगे, बल्कि कंपनी के मुनाफे में हिस्सेदार भी बनेंगे।

यह पहल ड्राइवरों को मजबूत बनाने के लिए है। शाह ने कहा कि कंपनी का मकसद मुनाफा कमाना नहीं, बल्कि सारथियों (ड्राइवरों) को समृद्ध करना है। प्लेटफॉर्म दिल्ली-NCR से शुरू होकर अन्य शहरों में फैलेगा। महिलाओं के लिए ‘सारथी दीदी’ जैसी सुविधाएं भी हैं। यह सहकारी मॉडल टैक्सी सेक्टर में बड़ा बदलाव ला सकता है।

Breaking News in Hindi और Latest News in Hindi सबसे पहले मिलेगी आपको सिर्फ Women Express पर. Hindi News और India News in Hindi  से जुड़े अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें Facebook पर ज्वॉइन करें, Twitter पर फॉलो करें और Youtube Channel सब्सक्राइब करे।

Previous article

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

Related News

Delhi epaper

Prayagraj epaper

Kurukshetra epaper

Latest News