spot_img
26.1 C
New Delhi
Saturday, July 31, 2021
spot_img

दिल्ली में मार्च से राशन की डोर स्टेप डिलिवरी शुरू होगी, सरकार घर भेजेगी राशन

– सीएम अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली सचिवालय में किया ध्वाजारोहण

नई दिल्ली /टीम डिजिटल:  मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने गणतंत्र दिवस की पूर्व संध्या पर दिल्ली सचिवालय में ध्वाजारोहण कर दिल्ली और देश के लोगों को बधाई और शुभकामनाएं दी। सीएम ने कहा कि दिल्ली में मार्च से राशन की डोर स्टेप डिलिवरी शुरू होने जा रही है। लोगों को लंबी लाइनें लगाने की जरूरत नहीं पड़ेगी, सरकार उनके घर राशन भेजेगी। झुग्गी बस्तियों में रहने वाले लोगों को घर देने का काम तेजी से आगे बढ़ रहा है। बहुत जल्द उन्हें पक्का मकान मिलेगा। उन्होंने कहा कि कोरोना के मुश्किल हालातों में भी हमने दिल्ली की जनता को मिलने वाली सुविधाएं बंद नहीं होने दी। हमारे पुलिसकर्मी, सेना के जवान और फायर सर्विस के लोग अपनी जान की बाजी लगाकर हमारी सेवा करते हैं। हम उनके परिवारों को अकेला नहीं छोड़ते, बल्कि उन्हें एक करोड़ रुपए की सम्मान राशि देते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि साल के अंत तक दिल्ली के हर नागरिक का अपना हेल्थ कार्ड होगा और लोग डाॅक्टर से मिलने का समय आॅनलाइन ले सकेंगे। हमने अपने हेल्थ सिस्टम को मजबूत किया।

यह भी पढें…दिल्ली गुरुद्वारा कमेटी की वरिष्ठ उपाध्यक्ष रंजीत कौर का निर्वाचन रद्द

एक दिन में 8.5 हजार कोरोना के केस आने पर भी हमारा हेल्थ सिस्टम ध्वस्त नहीं हुआ, जबकि कई विकसित देशों के हेल्थ सिस्टम ध्वस्त हो गए थे। इस समारोह के दौरान उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया, स्वास्थ्य मंत्री सत्येंद्र जैन समेत दिल्ली सरकार के सभी मंत्री और विधायकों के साथ अन्य गणमान्य लोग मौजूद थे। मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने आज दिल्ली सचिवालय में गणतंत्र दिवस के अवसर पर झंडारोहण के उपरांत दिल्ली और देश की जनता को संबोधित किया। इस दौरान सीएम अरविंद केजरीवाल ने दिल्ली और पूरे देश वासियों को गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं और बधाई दी। सीएम अरविंद केजरीवाल ने कहा कि पूरा विश्व, पूरा देश और हम सब दिल्लीवासी, पिछले एक वर्ष से कोरोना महामारी से जूझ रहे हैं, संघर्ष कर रहे हैं।

यह भी पढें…पद्म पुरस्कार विजेताओं में महिलाओं का जलवा, 29 महिलाएं, एक ट्रांसजेंडर को सम्मान

यही कारण है कि हमने अपना स्वाधीनता दिवस भी और आज गणतंत्र दिवस भी, हम लोग दिल्ली सचिवालय में मना रहे हैं, नहीं तो हम सब लोग छत्रसाल स्टेडियम में बड़े पैमाने पर अपने बच्चों के साथ मनाया करते थे। मैं उम्मीद करता हूं कि इस वर्ष हम सब लोगों को कोरोना की महामारी से छुटकारा मिलेगा पिछला एक साल सबके लिए बहुत मुश्किल रहा, जब हम सब लोग इस महामारी से जूझ रहे थे। दिल्लीवासियों के लिए खासकर यह एक साल और ज्यादा मुश्किल रहा, क्योंकि दिल्ली ने कोरोना की महामारी का बहुत प्रचंड रूप देखा। 11 नवंबर को दिल्ली में एक दिन में लगभग 8.5 हजार कोरोना के केस आए, जो प्रतिदिन केस आते हैं। कहा जाता है कि विश्व के किसी और शहर में इतने ज्यादा केस कहीं नहीं आए। दिल्ली में एक दिन में इतने सारे केस आने के कई सारे कारण हैं। दिल्ली देश की राजधानी है, पूरी दुनिया व देश भर से लोग यहां आते हैं, लेकिन अच्छी बात यह रही कि दिल्ली के लोगों ने और सरकार ने मिलकर इसका सफलतापूर्वक सामना किया।

यह भी पढें…राजपथ पर दिखेगी सैन्य शक्ति, ट्रैक्टर परेड में किसान दिखाएंगे दमखम

सीएम  अरविंद केजरीवाल ने कहा कि अमेरिका केे शहर न्यूयार्क में अप्रैल महीने के पहले हफ्ते में 6300 केस आए थे, न्यूयार्क में हमसे काफी कम किए थे, लेकिन सोशल मीडिया पर आप लोगों ने वीडियो देखे होंगे कि किस तरह से केवल 6300 केस में भी न्यूयार्क की पूरी स्वास्थ्य प्रणाली ध्वस्त कर गई। वहां पर मरीजों की अस्पतालों के बाहर सड़कों पर लाइनें लगी हुई थी, अस्पताल भरे हुए थे, अस्पतालों में जगह नहीं थी, वहां पर अस्पतालों के काॅरिडोर में जगह नहीं थी। मरीज काॅरिडोर में पड़े हुए थे, वहां पर आईसीयू में जगह नहीं थी। केवल न्यूयार्क ही नहीं, आप दुनिया के अंदर जितने भी विकसित देश हैं, उसमें से किसी भी शहर को उठाकर देख लीजिए, जहां-जहां जहां कोरोना केस ज्यादा हुए, वहां पर उनका पूरा स्वास्थ्य प्रणाली ध्वस्त कर गया, लेकिन दिल्ली के अंदर जब 11 नवंबर को सबसे ज्यादा 8.5 हजार केस आए, उस दिन भी दिल्ली के अस्पतालों में 7000 कोरोना के बेड खाली पड़े थे।

यह भी पढें…UP के 658 पुलिसकर्मियों को किया जाएगा सम्मानित…जाने हैं कौन

हमारे किसी भी अस्पताल के अंदर कॉरिडोर में मरीज नहीं थे, हमारे किसी भी अस्पताल के बाहर सड़कों पर मरीज नहीं थे, हम सब दिल्ली वासियों ने मिलकर, दिल्ली सरकार ने मिलकर अपनी जो पिछले 5 साल के अंदर दिल्ली की स्वास्थ्य सेवाओं को दुरुस्त किया है, उसको मजबूत किया है, हमारे डॉक्टर ने, हमारे मेडिकल स्टाफ ने, हमारे पैरामेडिकल स्टाफ ने, हमारे आधिकारियों ने मिलकर के, पूरे स्वास्थ्य प्रणाली को जो दुरुस्त किया और कोरोना महामारी के दौरान जिस तरह से शानदार प्रबंधन किया, यह उसी का नतीजा है कि ऐसी महामारी के दौर में भी जब सबसे ज्यादा केस दिल्ली के अंदर आ रहे थे, हमारा हेल्थ सिस्टम ध्वस्त नहीं हुआ और हम उसका प्रबंधन करने में लगे हुए थे। इसके लिए मैं अपने सभी अधिकारियों को, सभी डॉक्टर को, सभी मेडिकल स्टाफ को, सभी कोरोना योद्धाओं को दिल से बहुत-बहुत बधाई देना चाहता हूं।

Related Articles

epaper

Latest Articles