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Sunday, December 4, 2022

DSGMC का बड़ा ऐलान, कोविड में मरने वाले सिखों के परिवार को मिलेगी 2500 रुपये पेंशन

-दिल्ली गुरुद्वारा कमेटी ने किया आर्थिक पैकेज का बड़ा ऐलान
–जिन बच्चों ने पिता को खोया, उनकी 12वीं तक पढ़ाई मुफ्त
-सिख बेटियों को विवाह के देंगे 21 हजार रुपये का शगुन
-रागी, डाढी, कीर्तनीये या ग्रंथी सिंहों की करेंगे आर्थिक मदद

नई दिल्ली /मोक्षिता : दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी ने कोरोना काल में आर्थिक संकट में फंसे सिख परिवारों के लिए बड़े आर्थिक पैकेज का ऐलान किया है। साथ ही फैसला किया है कि कोविड में मरने वाले सिखों के परिवार को 2500 रुपये पेंशन प्रति माह दिया जाएगा। इसके अलावा जिन बच्चों ने पिता को खोया है उनकी 12वीं तक पढ़ाई मुफ्त करवाई जाएगी। ऐसे बच्चे अगर दूसरे स्कूलों से कमेटी के स्कूलों में शिफ्ट होंगे तो उन्हें भी फ्री शिक्षा दी जाएगी। खास बात यह है कि ये बच्चे अगर 12वीं के बाद कालेजों में पढऩा चाहते हैं तो इन बच्चों को दिल्ली विश्वविद्यालय से मान्यता प्राप्त कमेटी के कालेजों (खालसा कालेज) में मुफ्त शिक्षा प्रदान की जाएगी। इनकी फीस दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी स्वंय भरेगी। इसके अलावा जिन सिख बेटियों के अभिभावक कोरोना काल में मारे गए हैं उनकी शादी होने वाली होगी तो उन बेटियों को गुरुद्वारा कमेटी 21 हजार रुपये शगुन के रूप में देगी। साथ ही उन बेटियों की शादी-विवाह (आनंद कारज) का प्रबंध गुरुद्वारा साहिब में कमेटी करेगी। इसके अलावा कोरोना काल में जिन रागी, डाढी, कीर्तनीये या ग्रंथी सिंहों ने अपना रोजगार खोया है, उन्हें सिंह सभाओं की सिफारिश पर उनकी जरूरत के अनुसार आर्थिक मदद की जाएगी। साथ ही उन्हें लंगर के लिए रसद सामग्री भी प्रदान की जाएगी।


दिल्ली सिख गुरुद्वारा प्रबंधक कमेटी की सोमवार को हुई बैठक में यह फैसला लिया गया है। बैठक के बाद कमेटी अध्यक्ष मनजिंदर सिंह सिरसा ने पत्रकारों को बताया कि कमेटी द्वारा बनाए जा रहे 125 बेड के अस्पताल में सिंह सभाओं द्वारा मरीज की सिफारिश करने पर उसे इलाज के लिए 50 फीसदी रियायत दी जाएगी। साथ ही ऐसे मरीज की एमआरआई व सीटी स्कैन भी मुफ्त होंगे। इस मौके पर कमेटी महासचिव हरमीत सिंह कालका भी मौजूद रहे। सिरसा ने कहा कि कोरोना काल में जिन रागी, डाढी, कीर्तनीये या ग्रंथी सिंहों ने अपना रोजगार खोया है, उन्हें सिंह सभाओं की सिफारिश पर उनकी जरूरत के अनुसार आर्थिक मदद की जाएगी तथा उन्हें लंगर के लिए रसद सामग्री भी प्रदान की जाएगी।

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उन्होंने कहा कि हमारी कौम के हीरे रागी, डाढी, कीर्तनीय व ग्रंथी ही बेरोजगार हो जाएंगे तो फिर हमारी या अन्य गुरुद्वारा कमेटियों, सिंह सभाओं की सेवाएं कभी स्वीकृत नहीं होंगी। लिहाजा हम सुनिश्चित करेंगे कि दिल्ली में किसी भी सिख परिवार का बच्चा शिक्षा से वंचित ना रहे कोई बेटी विवाह से वंचित ना रह जाये तथा किसी रागी, डाढी, कीर्तनीए या ग्रंथी को आर्थिक संकट का सामना ना करना पड़े। बता दें कि दो दिन पहले ही दिल्ली गुरुद्वारा कमेटी ने कश्मीर की लड़की एवं उसके पति को दिल्ली लाकर यहां नौकरी और रहने के लिए रिहायश दी गई है।

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